Advertisement

वनाधिकार को लेकर अतिथि भवन तेनुघाट में ग्राम सभा मंच की बैठक

प्रहरी संवाददाता/तेनुघाट (बोकारो)। बोकारो जिला के हद में अतिथि भवन तेनुघाट में 9 मई को वनाधिकार को लेकर ग्राम सभा मंच की बैठक की गयी।

बोकारो जिला ग्राम सभा मंच की बैठक की अध्यक्षता किशुन हेंब्रम ने की। जिसमें मुख्य रूप से झारखंड जंगल बचाओ आंदोलनकारी प्रभारी राजेश महतो एवं जिला ग्राम सभा के सचिव मोती लाल बेसरा उपस्थित थे।

बताया गया कि बोकारो जिला में वनाधिकार कानून पूरी तरह लागू नहीं होने से नाराज ग्रामसभा मंच ने जिला के सभी 9 प्रखंडों के ग्राम समितियों की तेनुघाट में आपात बैठक की। जिसमें कानूनी सलाह एवं आमजनों की जानकारी के लिए उच्च न्यायालय के अधिवक्ता सौरव कुमार भी मुख्य रूप से उपस्थित थे। उनके द्वारा वनाधिकार अधिनियम 2006 से संबंधित उपस्थित जनों को विस्तार पूर्वक जानकारी दी गई।

बैठक में बोकारो जिला में वनाधिकार कानून पूरी तरह लागू नहीं होने से नाराज बोकारो जिला ग्रामसभा मंच के सलाहकार राजेश कुमार ने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि संबंधित पदाधिकारी आदिवासियों का उत्पीड़न कर रहे है। कहा कि सरकार के निर्देश के बावजूद जिला में 200 से ज्यादा व्यक्तिगत और सामुदायिक वन पट्टा के मामले लंबित हैं। इसके लिए पूर्व में कई बार आंदोलन कर चुके हैं, लेकिन अधिकारियों की कार्यशैली में कोई सुधार नहीं हो रहा है।

सिर्फ आदिवासियों को ठगा जा रहा है। इसलिए अब हमसभी कानून की शरण में जाएंगे। उक्त बैठक में विचार विमर्श के लिए उच्च न्यायालय के अधिवक्ता को भी बुलाया गया है। बोकारो जिला में वनाधिकार कानून अगर जल्द से जल्द पूरी तरह लागू नहीं किया गया तो आदिवासी समाज उच्च न्यायालय के साथ साथ सुप्रीम कोर्ट का भी दरवाजा खटखटाने का कार्य करेंगे।

उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ग्रामसभा के सशक्तिकरण के लिए हर साल फंड भेजती है, लेकिन वह पैसा कहां जा रहा है यह किसी को नहीं मालूम। बैठक में बोकारो जिला के चास अनुमंडल एवं बेरमो अनुमंडल के नौ प्रखंड यथा गोमिया, बेरमो, पेटरवार, जरीडीह, कसमार, नावाडीह, चास, चंद्रपुरा तथा चंदनकियारी के ग्राम सभा मंच के पदाधिकारी एवं प्रभारी सहित बड़ी संख्या में महिला-पुरुष उपस्थित रहे।

Loading

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *