एस. पी. सक्सेना/रांची (झारखंड)। कोल इंडिया लिमिटेड की झारखंड की राजधानी रांची स्थित सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल) मुख्यालय दरभंगा हाउस के गंगोत्री कन्वेंशन सेंटर के संगम सभागार में 23 अक्टूबर को राजभाषा माह-2026 का समापन-सह-पुरस्कार वितरण समारोह का भव्य आयोजन किया गया।
समारोह में झारखंड के वरिष्ठ साहित्यकार, व्यंग्यकार एवं शिक्षाविद् डॉ अशोक प्रियदर्शी विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर सीसीएल के निदेशक (वित्त) पवन कुमार मिश्रा, निदेशक (मानव संसाधन) हर्ष नाथ मिश्र एवं मुख्य सतर्कता अधिकारी (सीवीओ) पंकज कुमार की गरिमामयी उपस्थिति रही। इसके अतिरिक्त सीसीएल मुख्यालय एवं विभिन्न क्षेत्रों के महाप्रबंधक, विभागाध्यक्ष, अधिकारी तथा बड़ी संख्या में कर्मचारीगण उपस्थित रहे।
सीसीएल के सीसी एवं पीआर विभाग के अनुसार कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों एवं निर्णायक मंडली के स्वागत तथा दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। इसके पश्चात वंदे मातरम् एवं कोल इंडिया कॉरपोरेट गीत की प्रस्तुति दी गई। समारोह के दौरान गणेश वंदना और एकल अभिनय प्रतियोगिता ने उपस्थित जनों का ध्यान आकर्षित किया। वहीं, वंदे मातरम् राष्ट्रीय गीत के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में प्रस्तुत संगीतमय नाट्य प्रस्तुति ने कार्यक्रम को विशेष आकर्षण प्रदान किया।
इस अवसर पर राजभाषा माह के दौरान आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेता प्रतिभागियों को समारोह में सम्मानित किया गया। साथ ही, हिंदी साहित्य, व्यंग्य एवं शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए विशिष्ट अतिथि डॉ अशोक प्रियदर्शी को राजभाषा भास्कर सम्मान से सम्मानित किया गया। इस अवसर पर साहित्यकार डॉ अशोक प्रियदर्शी ने अपने संबोधन में कहा कि सीसीएल के सभागार में आयोजित प्रस्तुतियों को देखकर वे नि:शब्द हैं। उन्होंने कहा कि इस आयोजन में शामिल होकर उन्हें गर्व की अनुभूति हो रही है। कार्यक्रम में प्रस्तुत रचनात्मक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने राजभाषा हिंदी के प्रति प्रतिभागियों के उत्साह और समर्पण को प्रदर्शित किया।
सीसीएल के निदेशक (वित्त) पवन कुमार मिश्रा ने कहा कि यह कार्यक्रम उनके मन के बेहद करीब है। उन्होंने कहा कि हिंदी में कार्य करने में उन्हें गर्व की अनुभूति होती है। निदेशक (मानव संसाधन) हर्ष नाथ मिश्र ने कहा कि भाषा हमारी पहचान और विरासत है। इसे संजोकर रखना तथा आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाना हम सभी की जिम्मेदारी है। मुख्य सतर्कता अधिकारी (सीवीओ) पंकज कुमार ने कहा कि राजभाषा हमारे राष्ट्रीय प्रतीकों में शामिल है और इसे बढ़ावा देना हम सभी का कर्तव्य है।
समारोह के दौरान राजभाषा के प्रचार-प्रसार, हिंदी में कार्य करने की संस्कृति को प्रोत्साहित करने तथा कर्मचारियों की रचनात्मक प्रतिभा को मंच प्रदान करने के संकल्प को भी रेखांकित किया गया। स्वागत भाषण महाप्रबंधक (राजभाषा) अशोक कुमार, जबकि धन्यवाद ज्ञापन दीविक दिवेश द्वारा प्रस्तुत किया गया। समारोह का समापन राष्ट्रगान के साथ किया गया।
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