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एसआईआर के नाम पर मतदाताओं को परेशान करना बंद करे चुनाव आयोग-नायक

एस. पी. सक्सेना/रांची (झारखंड)। एक ही परिवार को अलग-अलग बूथों में बांटना लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़ा करता है। एसआईआर के नाम पर मतदाताओं को परेशान करना बंद करे चुनाव आयोग। पूरे झारखंड में इसकी उच्चस्तरीय जांच हो।

झारखंड प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता विजय शंकर नायक ने 5 अगस्त को विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद प्रकाशित मतदाता सूची में सामने आ रही व्यापक विसंगतियों पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि राज्य के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में ऐसी शिकायतें सामने आ रही हैं, जिनमें एक ही परिवार के सदस्यों के नाम अलग-अलग मतदान केंद्रों में दर्ज किए गए हैं। कहा कि कई मतदाताओं के नाम स्थानांतरित कर दिए गए हैं तथा अनेक मामलों में मतदाताओं को अपने मतदान केंद्र की जानकारी तक नहीं है। यह पूरी प्रक्रिया की पारदर्शिता और विश्वसनीयता पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़ा करता है।

नायक ने कहा कि मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण मतदाताओं की सुविधा और चुनावी प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने के लिए किया जाता है, लेकिन यदि इस प्रक्रिया के कारण आम मतदाताओं को भ्रम, असुविधा और अनावश्यक परेशानी का सामना करना पड़े तो इसकी निष्पक्ष समीक्षा आवश्यक है। उन्होंने कहा कि एक ही परिवार के सदस्य यदि वर्षों से एक ही घर और एक ही पते पर रह रहे हैं, तो उन्हें अलग-अलग मतदान केंद्रों में विभाजित करने का आधार चुनाव आयोग को सार्वजनिक करना चाहिए।

ऐसी स्थिति मतदान के दिन मतदाताओं के लिए भ्रम और असुविधा का कारण बन सकती है। उन्होंने कहा कि मतदान का अधिकार लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत है। मतदाता सूची में किसी भी प्रकार की त्रुटि, अव्यवस्था या अपारदर्शिता लोकतंत्र की विश्वसनीयता को प्रभावित करती है। कहा कि चुनाव आयोग की पहली जिम्मेदारी है कि प्रत्येक पात्र मतदाता को बिना किसी परेशानी के अपने मतदान अधिकार का प्रयोग करने का अवसर मिले।

प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता नायक ने कहा कि यदि विशेष गहन पुनरीक्षण के दौरान एक ही परिवार के सदस्यों को अलग-अलग बूथों में स्थानांतरित किया गया है, तो इसकी तकनीकी और प्रशासनिक समीक्षा कर त्रुटियों को तत्काल सुधारा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग को जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए पूरी प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाना होगा।

उन्होंने मांग की कि पूरे झारखंड में एसआईआर के दौरान सामने आई शिकायतों की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, जिन परिवारों के सदस्यों को अलग-अलग मतदान केंद्रों में विभाजित किया गया है, उनकी विशेष समीक्षा की जाए, जिन मतदाताओं के नाम, बूथ या मतदान केंद्र में परिवर्तन किया गया है, उन्हें समय रहते स्पष्ट सूचना उपलब्ध कराई जाए, प्रत्येक शिकायत के त्वरित निस्तारण के लिए जिला स्तर पर विशेष सहायता केंद्र स्थापित किए जाए तथा भविष्य में मतदाता सूची पुनरीक्षण की प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, तकनीकी रूप से सुदृढ़ और नागरिक-अनुकूल बनाया जाए।

नायक ने कहा कि कांग्रेस पार्टी देश के प्रत्येक मतदाता के मताधिकार की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। लोकतंत्र की मजबूती निष्पक्ष, पारदर्शी और त्रुटिरहित मतदाता सूची पर निर्भर करती है। इसलिए चुनाव आयोग को सभी शिकायतों का गंभीरतापूर्वक संज्ञान लेकर शीघ्र समाधान सुनिश्चित करना चाहिए, ताकि प्रत्येक पात्र मतदाता बिना किसी भ्रम और बाधा के अपने संवैधानिक मताधिकार का प्रयोग कर सके।

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