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शारदीय नवरात्र पर प्रथम दिवस तेनुघाट में निकाली गई भव्य कलश यात्रा

ममता सिन्हा/तेनुघाट (बोकारो)। शारदीय नवरात्र के प्रथम दिवस बोकारो जिला के हद में तेनुघाट और आसपास भव्य कलश यात्रा निकाली गयी। श्रद्धालुओं ने श्रद्धापूर्वक कलश में पवित्र जल भरकर पूजा पंडालो में स्थापित की।

जानकारी के अनुसार तेनुघाट व् आसपास में विभिन्न दुर्गा मंदिरों तथा पुजा पंडालो में 22 सितंबर को विधिवत कलश स्थापना के साथ आचार्यों द्वारा मां भगवती की प्रथम स्वरूप शैल पुत्री की पूजन व श्रीदुर्गा सप्तशती पाठ प्रारंभ किया गया।

इस अवसर पर बड़ी संख्या में विभिन्न पूजा स्थलों पर श्रद्धालुगण उपस्थित होकर माँ की पूजा की। इस क्रम में तेनुघाट छोटा चौक, छाता चौक, मार्केट, शिविर क्रमांक 2 सहित पूरे क्षेत्र में कलश स्थापन के साथ ही नौ दिवसीय शारदीय नवरात्र की विधिवत शुरुआत की गई है। परंपरागत विधि विधान से पूजा अर्चना के बाद गाजे बाजे के साथ निकली कलश यात्रा श्रद्धा और उत्साह का अद्भुत संगम बनी।

बड़ी संख्या में कन्याओं ने सिर पर कलश यात्रा की शोभा बढ़ाई। कलश यात्रा पूजा स्थल से प्रारंभ होकर कई स्थानों का भ्रमण करके पुनः मंदिर लौट गयी। पूरे रास्ते में जय मां दुर्गा और जय माता दी के उद्घोष से वातावरण भक्तिमय बना रहा।
कलश यात्रा के दौरान युवा शक्ति माता के भक्ति गीतों के धुन पर झूमते नजर आए। वहीं श्रद्धालु भक्तिभाव में डूबे रहे। यात्रा के दौरान विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं का स्वागत किया गया। तत्पश्चात यात्रा पुनः पूजा स्थल लौटी, जहां अगले नौ दिनों तक धार्मिक अनुष्ठान जारी रहेगा।

इस अवसर पर छोटा चौक के पुजारी बलदेव मिश्रा ने बताया कि दुर्गा पूजा केवल एक धार्मिक त्यौहार नही, बल्कि एक विशाल सामाजिक सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हैं। यह त्योहार परिवार और समुदाय को एक साथ लाता है। कहा कि दुर्गा पूजा देवी दुर्गा की महिषासुर नामक राक्षस पर विजय का उत्सव है। अच्छाई की बुराई पर जीत का प्रतीक है यह त्योहार। देवी दुर्गा और उनके बच्चों (लच्छों, सरस्वती, गणेश ओर कार्तिकेय) के घर वापसी का भी प्रतीक है।

सभी सार्वजनिक श्रीदुर्गा मंदिर में पुजारी द्वारा निर्धारित समय पर वैदिक मंत्रोच्चार के साथ कलश स्थापन की गई एवं प्रथम स्वरूप मां शैलपुत्री की पूजन अनुष्ठान उपरांत प्रथम दिवसीय श्रीचंडी पाठ विधिवत प्रारंभ किया गया। इससे पूर्व सुबह दामोदर नदी से स्थानीय बालिकाओं द्वारा जल भरकर दुर्गा मंडप स्थित पूजा स्थल में कलश लाया गया। कलश को पूरे तेनुघाट का भ्रमण कर दुर्गा मंडप में रखा गया।

माता के प्रथम स्वरूप शैल पुत्री पूजनोत्सव के अवसर पर शालिग्राम प्रसाद, आनन्द श्रीवास्तव, पंकज सिंह, राजेन्द्र शर्मा, शशि मिश्रा, सुजय आनंद, अनील कुमार, उदय सिंह, दीपक ठाकुर, छोटी रजक, मुन्ना श्रीवास्तव, सुजाता कुमारी, राहुल श्रीवास्तव, माखन अग्रवाल, राहुल कुमार, रणधीर सिंह, सोनू कुमार, छोटू कुमार सहित मुहल्ले के सैकड़ों श्रद्धालु पूजा में सक्रिय नजर आए।

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