Advertisement

उपायुक्त ने की जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक, दिया जरूरी निर्देश

जिले में सड़क दुर्घटना में कमी लाएं, उठाएं जरूरी सभी कदम-उपायुक्त

एस. पी. सक्सेना/बोकारो। समाहरणालय सभागार में 28 जुलाई को बोकारो जिला उपायुक्त अजय नाथ झा की अध्यक्षता में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में हो रही सड़क दुर्घटनाओं के कारणों की समीक्षा की गई और उनके प्रभावी नियंत्रण को लेकर चर्चा किया गया।

इस अवसर पर उपायुक्त झा ने कहा कि एक भी जान का नुकसान बहुत बड़ा नुकसान है। इसे रोकने के लिए हमें सभी जरूरी कदम उठाने होंगे। उन्होंने जिला परिवहन पदाधिकारी (डीटीओ) वंदना शेजवलकर से बीते माह हुए सड़क दुर्घटनाओं की विस्तृत जानकारी ली और जरूरी निर्देश दिया।

बैठक में उपायुक्त ने कहा कि चिन्हित ब्लैक स्पॉट पर त्वरित कार्य करें। कैसे यहां होने वाली दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सकती है। उक्त स्थानों पर यातायात संकेतक, बैरियर, सड़क चौड़ीकरण, स्पीड ब्रेकर आदि की व्यवस्था सुनिश्चित करें। कहा कि जहां बार-बार दुर्घटनाएं हो रही हैं, वहां सुधार कार्य में कार्यरत सड़क सुरक्षा टीम अध्ययन कर ठोस कदम उठाएं।

उपायुक्त ने स्वास्थ्य विभाग एवं 108 एंबुलेंस सेवा को निर्देशित किया कि सड़क दुर्घटना की स्थिति में एंबुलेंस का रिस्पॉन्स टाइम को और कम किया जाए। इसके लिए कंट्रोल रूम को अधिक सक्रिय बनाए जाने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि एक-एक मिनट की देरी भी किसी घायल की जान ले सकती है। बैठक में गुड सेमेरिटन योजना पर विशेष बल देते हुए उपायुक्त ने कहा कि आमजन को इस योजना की जानकारी होनी चाहिए, ताकि घायलों की मदद करने वालों को सुरक्षा एवं पोत्साहन राशि मिले, बिना भय के आमजन आगे आएं। उन्होंने सरकार की इस योजना का पोस्टर, बैनर व ऑडियो-विजुअल माध्यमों से व्यापक प्रचार-प्रसार करने को कहा।

उपायुक्त ने परिवहन विभाग, पथ निर्माण विभाग, पुलिस, नगर निगम, एनएचएआई, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग सहित अन्य विभागों को कहा कि वे एक संयुक्त कार्य योजना तैयार करें, जिसमें रोकथाम, जागरूकता और कार्रवाई जैसे बिंदु शामिल हों। उन्होंने परिवहन विभाग – यातायात पुलिस को सड़क सुरक्षा सप्ताह जैसे जागरूकता अभियानों को नियमित रूप से आयोजित करने को कहा।

उन्होंने सभी विभागों से आह्वान करते हुए कहा कि सड़क सुरक्षा को केवल एक विभागीय कार्य न मानें, बल्कि जनहित की सर्वोच्च प्राथमिकता समझें। सभी विभागों को आपसी समन्वय, साझा जिम्मेदारी और समयबद्ध क्रियान्वयन की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि हर दुर्घटना को रोकना संभव नहीं, लेकिन हर दुर्घटना से सीखकर अगली को रोका जा सकता है। यही हमारी प्रशासनिक और नैतिक जिम्मेदारी है।

मौके पर बोकारो विधायक प्रतिनिधि, उप विकास आयुक्त शताब्दी मजूमदार, अपर समाहर्ता मो. मुमताज अंसारी, अनुमंडल पदाधिकारी बेरमो मुकेश मछुआ, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी रवि कुमार, ट्रैफिक डीएसपी, उत्पाद सदर निरीक्षक, कार्यपालक अभियंता आरसीडी, सड़क सुरक्षा समिति के सदस्य आदि उपस्थित थे।

Loading

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *