एस. पी. सक्सेना/बोकारो। शिक्षक दिवस की पूर्व संध्या पर 4 सितंबर को बोकारो जिला के हद में सीसीएल स्वांग कोलियरी सभागार में क्षेत्र के विद्यालय शिक्षकों की बैठक की गयी। बैठक में स्वांग-गोबिंदपुर फेज दो के परियोजना पदाधिकारी अनिल कुमार तिवारी ने डीएवी पब्लिक स्कूल कथारा के प्राचार्य डॉ जी.एन. खान को सम्मानित किया।
इस अवसर पर पीओ तिवारी ने प्राचार्य डॉ खान को शॉल, स्मृति चिन्ह एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान किया। प्राचार्य को सम्मानित करते हुए परियोजना पदाधिकारी ने कहा कि प्राचार्य स्वयं एक गुरु हैं एवं गुरुओं का नेतृत्व करने वाले पद को सुशोभित करते हैं। उन्होंने कहा कि गुरु राष्ट्र -निर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं, इसलिए इनका सम्मान करना हमारा कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि एक शिक्षक ही अपनी ज्ञान ज्योति से छात्रों को दीप्त करता है, जिससे वे भविष्य में प्रशासनिक अधिकारी, डॉक्टर, इंजीनियर, वैज्ञानिक, शिक्षक आदि पदों को सुशोभित करते हैं।

इस अवसर पर सभागार में एक संगोष्ठी का भी आयोजन किया गया जिसका विषय था नैतिक मूल्यों, संस्कारों की अधोगति के कारण एवं सुधार के सुझाव। उक्त विषय पर अपना वक्तव्य देते हुए डीएवी कथारा के प्राचार्य ने कहा कि अनुशासनहीनता एवं नैतिक मूल्यों के पतन के कई कारण हैं। एक तो कानून ने शिक्षकों के हाथ बांध दिए हैं, उन्हें एक दायरे में सीमित कर रखा है। साथ ही साथ आधुनिक तकनीक भी विद्यार्थियों के पतन का कारण बन रही है।
कहा कि अभिभावक भी इस हालात के लिए कम जिम्मेदार नहीं है। शिक्षक एवं अभिभावक मिलकर ही बच्चों को संस्कारवान एवं नैतिक बना सकते हैं। कज कि शिक्षकों को भी स्वतंत्रता प्रदान करनी होगी, ताकि वे विद्यार्थियों को सुसभ्य नागरिक बना सके। कानून को भी लचीला होना पड़ेगा, तभी यह संभव है।

प्राचार्य डॉ खान ने कहा कि शिक्षकों की भूमिका सबसे अहम है। उन्हें विद्यार्थियों एवं अपने काम के प्रति पूर्ण रूपेण समर्पित होना पड़ेगा। कहा कि पाठ्यक्रम में भी नैतिक मूल्यों को प्राथमिकता देनी होगी, ताकि बचपन से ही विद्यार्थियों में इनका बीजारोपण किया जा सके। इस अवसर पर स्वांग परियोजना के अधिकारीगण, पिट्स मॉडर्न स्कूल गोमिया के प्राचार्य, कार्मल स्कूल बोकारो थर्मल की प्राचार्या, इंडियन स्कूल ऑफ़ लर्निंग के प्राचार्य आदि उपस्थित थे। उक्त जानकारी डीएवी कथारा के शिक्षक बी. के. दसौंधी व् रंजीत सिंह ने दी।
![]()













Leave a Reply