प्रहरी संवाददाता/सारण (बिहार)। सारण के जिलाधिकारी (डीएम) अमन समीर ने 24 जुलाई को जिला मुख्यालय छपरा स्थित कार्यालय कक्ष में अधिकारियों के साथ बैठक की।
बैठक में उन्होंने जिले में शिक्षा के स्तर में सुधार के लिए अधिकारियों को निर्देश दिया। साथ हीं कहा कि मैट्रिक में नामांकन के दौरान ही विद्यालयों में विद्यार्थियों की सक्रियता से मानचित्रण किया जाए। कहा कि कक्षा 10 और 12 से ही प्रशिक्षण देने से बेहतर परिणाम मिलेंगे। साथ हजन फील्ड अधिकारियों को अपना लक्ष्य हासिल करने में भी मदद मिलेगी।
डीआरसीसी पदाधिकारियों के साथ अपने कार्यालय कक्ष में बैठक में डीएम समीर ने डीआरसीसी भवन की स्थिति की जानकारी ली और आवेदकों को हो रही परेशानी को देखते हुए कार्यपालक अभियंता को तत्काल मरम्मत कार्य कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड और कुशल युवा कार्यक्रम जैसी प्रमुख योजनाओं के लिए संबंधित नोडल अधिकारियों को लक्ष्यों को गंभीरता से लेने को कहा।
डीएम ने कहा कि जिले के सभी कौशल विकास केन्द्रों को रैंकिंग दी जानी चाहिए। रैंकिंग बुनियादी ढांचे, प्रशिक्षण की गुणवत्ता और नामांकन की संख्या के आधार पर की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार प्रत्येक केवाईपी केंद्र को प्रति छात्र 8500 रुपये की दर से प्रोत्साहन देती है।
जो केंद्र महीने दर महीने खराब प्रदर्शन कर रहे हैं, उन पर कार्रवाई की जाएगी। कहा कि मुख्यमंत्री निश्चय स्वयं सहायता भत्ते के लाभार्थियों के संबंध में प्रति ब्लॉक कम से कम 5 लाभार्थियों का प्रोफाइल तैयार करना महत्वपूर्ण है। प्रशासन को यह सुनिश्चित करना होगा कि केवल वैध लाभार्थी ही योजना का लाभ उठा सके।
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