ममता सिन्हा/तेनुघाट (बोकारो)। विश्व मानवाधिकार दिवस के अवसर पर 10 दिसंबर को क्रिया के सहयोग से रूपायनी बोकारो द्वारा तेनुघाट में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया।
उक्त कार्यशाला में 16 दिवसीय कार्यक्रम के टैग लाइन असमानता में समता सबकी गिनती एक सामान को प्रचारित किया गया। इस अवसर पर विभिन्न मुद्दों पर संक्षिप्त रूप से चर्चा करते हुए महिलाओं के गर्भ समापन के अधिकारों को भी मनवाधिकारों के रूप में देखे जाने पर विशेष जोर दिया गया।
इतना ही नही कार्यक्रम में इस मुद्दे पर भी चर्चा हुई की परित्यक्त समुदायों को उनकी यौनिकता के आधार पर समाज से अलग गिनने से पहले यह याद रखना भी आवश्यक हैं कि यदि उन्हें मानव शरीर मिला है तो उनके मानवाधिकार भी है। जिससे उन्हें विमुख करना न केवल निंदनीय है, अपितु दंडनीय भी है।
कार्यक्रम का उद्घाटन अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार एवं मीडिया संगठन की स्टेट जनरल सेक्रेटरी पुष्पा हंस, तेनुघाट पंचायत की मुखिया नीलम श्रीवास्तव, गोमियां विधायक प्रतिनिधि कौशल्या देवी, भूपेंद्र कुमार, राजेश यादव, वार्ड सदस्य शोभा देवी, संध्या मिश्रा, अमृतांजली, रूपायनी सचिव सी ए कुमार द्वारा किया गया।
173 total views, 1 views today