चास। बोकारो में स्टांप पेपर की कालाबाजारी का सच सामने आ गया। 10, 20 और 50 का स्टांप की बिक्री 100 रुपए में किए जाने की बात सामने आने के बाद पूरे सिस्टम पर सवाल उठ गया है। बुधवार को उपायुक्त मृत्युंजय कुमार बरनवाल के निर्देश पर बनी विशेष छापेमारी टीम ने भारी मात्रा में स्टांप पेपर जब्त किया है।
साथ ही कालाबाजरी करने वाले स्टांप वेंडर व डीड राइटरों को भी हिरासत में लिया गया है। जब्त स्टांप व हिरासत में लिए वेंडरों को पिंड्राजोरा थाने में रखा गया है। उनसे पूरे मामले पर पूछताछ की जा रही है। बताया जा रहा है कि यह अवैध धंधा आज से फलफूल नहीं रहा है। बल्कि स्टांप की बिक्री मनमाने ढंग से सभी जगह हो रही है। वजह यह भी है कि ई-स्टांप को लेकर आज भी भारी परेशानी हो रही है।
स्टांप की कालाबाजारी करने वालों का हौसला इतना बुलंद है कि जब छापेमारी से पहले कार्यपालक दंडाधिकारी प्रभात कुमार दत्ता सत्यता की जांच करने पहुंचे तो एक वेंडर ने 50 रुपए के स्टांप का 100 रुपये मांग लिया। इसके बाद चार कर्मचारियों को भी अलग-अलग वेंडर के पास दर जानने के लिए भेजा गया। इसके बाद सभी ने एक ही तरह से अधिक-अधिक मूल्य की मांग की।
इसके बाद तत्काल कार्रवाई करते हुए एसडीओ सतीश चंद्रा के नेतृत्व में गठित टीम ने सभी दुकानों पर एक साथ दबिश दी और सात लोगों को उनके स्टांप के साथ हिरासत में ले लिया। छापेमारी दल में एसडीपीओ महेश कुमार ¨सह, कार्यपालक दंडाधिकारी प्रभाष दत्ता, विजय राजेश बारला एवं दंडाधिकारी एसपी पाण्डेय, बालकृष्ण कुमार, विजय कुमार बाखला, भोपाल कुमार शर्मा शामिल थे।
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