विशेष संवाददाता/ गोपालगंज (बिहार)। जिला प्रशासन और नगरपालिका की लापरवाहियों का खामियाजा अब ग्रामीणों व सुदूरवर्ती क्षेत्र की जनता को भुगतना पड़ सकता है। करोना संक्रमण (COVID- 19) लॉक डाउन की समस्याओं से जूझ रहे लोगों के सामने डेंगू, मलेरिया व अन्य बरसाती बीमारियों का खतरा सताने लगा है।
मिली जानकारी के अनुसार गोपालगंज (Gopalganj) जिला के शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में गंदगी के करण मच्छरों का आतंक चरम पर है। बता दें कि करीब एक माह पूर्व मानसून ने दस्तक दी थी। लेकिन विभागों द्वारा मच्छरों से बचाव के लिए अभी तक कोई ठोस कदम नही उठाया जा सका है। जिसके कारण लोगों में दहशत में माहौल है।

कयास लगाया जा रहा है कि कोविड-19 के साथ साथ लोगों को डेंगू, मलेरिया व अन्य बरसाती बीमारियों का भी सामना करना पड़ सकता है। ताजा वाकया हथुआ अनुमंडल के अधिकांश इलाकों में भारी गंदगी के कारण मच्छरों का आतंक बरकरार है। इस अनुमंडल में मच्छरों से बचाव के लिये कोई पहल नहीं कि गई है। इन मुद्दों पर सरकारी अधिकारी कुछ बताने के बजाय फोन कॉल नहीं उठाते। ऐसे में उनकी प्रतिक्रिया नहीं ली जा सकती।
गौरतलब है कि हथुआ बाजार (Hathua Bazar) की जल निकासी के लिए केसरबाग से सटे नये नाले का निर्माण कराया जा रहा है जो कि पहले के नाले की तुलना में काफी छोटा है। बताया जाता है कि पूरे बाजार का पानी की निकासी के लिए इस नाली को बनवाया जा रहा है। जो कि नामुमकिन है?
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