लंबे संघर्ष के बाद पीड़ित के घर लौटी खुशी-महेन्द्र विश्वकर्मा

एस. पी. सक्सेना/बोकारो। बोकारो जिला के हद में सीसीएल ढोरी क्षेत्र के ढोरी कोलियरी में कार्यरत चुमन महतो के पुत्र कार्तिक महतो को लंबे इंतजार के बाद ट्रेड यूनियन इंटक के प्रयासों के बाद आख़िरकार पुनःनियोजन मिल गया।

जानकारी के अनुसार पूर्व में चुमन महतो अस्वस्थ रहा करता था। बीमारी के कारण वह ड्यूटी नहीं कर पा रहा था। ऐसी स्थिति में उसने अपने आश्रित पुत्र को मेडिकल के आधार पर 9.4.0 के आलोक में वर्ष 2015 में नौकरी हेतु आवेदन दिया था।

प्रेषित पत्र के आलोक में सी.सी.एल. द्वारा बोर्ड के अनुशंसा पर चुमन महतो अनफिट घोषित किए गए थे। उसके बाद चुमन महतो के पुत्र कार्तिक महतो को सारी औपचारिकताएं पूरी कर मुख्यालय के पत्रांक संख्या-पीडी/एमपी/9.4.0/20-16/3411 दिनांक 28-07-2016 को कथारा क्षेत्र में पदस्थापना करते हुए नियुक्ति पत्र जारी किया गया था।

कार्तिक महतो ने कथारा में अपना योगदान भी दिया, परंतु प्रबंधन के गलत मेडिकल अनुशंसा में उम्र अधिक होने के कारण कार्य की अनुमति नहीं मिल सकी। इस विषय को लेकर सी.सी.एल. प्रबंधन के पास अनुरोध पत्र भी दिया गया, परंतु उसपर प्रबंधन की ओर से कोई सुनवाई नहीं हुई।

उसके बाद महतो तथा उसके परिजनों द्वारा उक्त मामले को इंटक व मजदूर नेता पूर्व मंत्री स्व. राजेंद्र प्रसाद सिंह के संज्ञान में दिया। राजेंद्र बाबू के संज्ञान में आते ही उन्होंने महेंद्र विश्वकर्मा को मामले का निष्पादन किए जाने का निर्देश दिया।

अंत में सी.सी.एल. प्रबंधन के हठधर्मिता के निर्णय के खिलाफ हाई कोर्ट के माध्यम से न्याय के लिए लड़ाई लड़ी गई। हाई कोर्ट के निर्णय के आलोक में भी सी.सी.एल. प्रबंधन ने उक्त आदेश का पालन नहीं किया और पुनः डबल बेंच में हाईकोर्ट में लड़ाई लड़ी गई।

बताया जाता है कि, हाई कोर्ट के डबल बेंच का भी आदेश जब सी.सी.एल. प्रबंधन ने नहीं माना तो कोर्ट कंटेंप्ट हुआ। उसके बाद थक कर सी.सी.एल. प्रबंधन ने चुमन महतो के पुत्र कार्तिक महतो को मुख्यालय के पत्रांक संख्या-पीडी/एमपी/ 9.4.0/ के महतो/2022/3032 दिनांक 12 अक्टूबर के द्वारा नियोजन पत्र देते हुए कथारा क्षेत्र में पुनः योगदान देने का निर्देश पारित किया।

जहाँ कथारा के एसओपी द्वारा कार्तिक महतो को नियुक्ति पत्र के साथ पदस्थापना पत्र दिया गया। कार्तिक को कथारा क्षेत्र के जारंगडीह परियोजना में योगदान देने का पत्र प्रेषित किया गया।

इस मौके पर कार्तिक महतो ने कहा कि आज स्वर्गीय राजेंद्र बाबू नहीं है, लेकिन उनका उपकार हमारे लिए स्मरणीय रहेगा। महतो ने कहा कि मैं बरमो विधायक कुमार जयमंगल उर्फ़ अनूप सिंह के द्वारा मिले सहयोग का भी आभारी हूँ।

इस अवसर पर इंटक नेता महेंद्र कुमार विश्वकर्मा ने कहा कि पीड़ित परिवार की आवाज सदैव इंटक रहा है और आगे भी रहेगा। इस अवसर पर कथारा के एसओपी जयंत कुमार, इंटक नेता महेंद्र कुमार विश्वकर्मा, राकोमयू कथारा क्षेत्रीय अध्यक्ष अजय कुमार सिंह, जगदीश विश्वकर्मा, मैनाक मुखर्जी मौजूद थे।

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