प्रहरी संवाददाता/जमशेदपुर (झारखंड)। चाईबासा जिला के हद में छोटानागरा पंचायत के छोटानागरा गांव का बढुईया, जोजोपी, धर्मरगुटू, कंशगढ़, लोहार टोला के ग्रामीणों के समक्ष भीषण गर्मी में पेयजल समस्या उत्पन्न हो गई है। गुवा के पूर्व मुखिया कपिलेश्वर दोगों ने 19 अप्रैल को बताया कि गांव के टोला में बाईहातु जल मीनार से पेयजल आपूर्ति सुविधा आज तक बहाल नहीं किया जा सका है।
पूर्व मुखिया के अनुसार टोला में स्थित अधिकतर चापाकल खराब है। जिस वजह से ग्रामीण लगभग 1-2 किलोमीटर दूर सोना नदी एवं टुकुसेल नाला से पानी लाने को मजबूर है। उन्होंने पीएचडी विभाग से मांग किया है कि वह तमाम खराब चापाकलों को ठीक करा चालू कराये तथा बाईहातु जल मीनार से टोला के तमाम घरों में भी पानी पहुंचाने की व्यवस्था किया जाए।
पूर्व मुखिया कपिलेश्वर दोगों के अनुसार जलमीनार से सुबह लगभग पौने एक घंटा तक हीं दिन में एक बार पानी की आपूर्ति की जाती है। जबकि दोनों समय पेयजल आपूर्ति करने का प्रावधान है। गुवा के पूर्व मुखिया कपिलेश्वर दोगों ने सच्चाई उजागार करते हुए स्पष्ट किया है कि जलमीनार के संचालक की मनमानी से छोटानागरा पंचायत के तमाम गांवों के ग्रामीण पेयजल की समस्या से परेशान है। पाइप लाइन नहीं होने से पानी उनके घरों तक नहीं पहुंच रहा है।
उल्लेखनीय है कि, पीएचडी विभाग (चाईबासा) के एसडीओ प्रभु दयाल मंडल द्वारा सारंडा के छोटानागरा पंचायत अन्तर्गत डीएमएफटी फंड से निर्मित बाईहातु जल मीनार से पेयजल आपूर्ति छोटानागरा पंचायत के सभी गांवों के सभी टोला में दिन में दो बार सुनिश्चित करने का आदेश दिया गया है।
जल मीनार के संचालक द्वारा एसडीओ समेत ग्रामीणों को हमेशा गुमराह करते हुए बताया जाता है कि एक मोटर व स्टार्टर खराब है, जिस वजह से दो समय पानी नहीं दिया जा रहा है। उक्त पंचायत के सात टोला में पाइप लाइन नहीं बिछे होने के कारण पानी नहीं पहुंच रहा है। अगर इस समस्या का समाधान यथाशीघ्र नहीं किया गया तो आने वाले समय में ग्रामीणों को भारी दिक्कतों का सामना करना पडे़गा।
176 total views, 1 views today