पीयूष पांडेय/बड़बिल (ओडिशा)। क्योंझर जिला के हद में जोड़ा प्रखंड में ठीक एक दिन बाद 17 अप्रैल को मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम का जन्मोत्सव रामनवमी की पूजा है। इस त्यौहार को सभी भारतीय बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाते हैं।
हमारा देश पूरी दुनिया में हिंदू राष्ट्र के रूप में जाना जाता है। यहां सभी समुदाय के माननेवाले सौहाद्रपूर्ण रहते हैं।
रामनवमी के दिन जूलूस को निकलते वक्त समय-समय पर विभिन्न स्थानों पर सांप्रदायिक हिंसा देखने को मिलती रहती है।आज से ठीक दो साल पहले क्योंझर जिले के उक्त प्रखंड में राम झंडे को लेकर दो समुदाय के बीच बड़ा दंगा हुआ था। बाद में पुलिस प्रशासन की ओर से दोनों समुदाय के संभ्रांत रहिवासियों की उपस्थिति में एक शांति समिति का गठन किया गया और शहर में शांति बनाये रखने का निर्णय लिया गया।
इस वर्ष शांति समिति एवं पुलिस प्रशासन के बीच भाईचारा कायम कर शांति एवं व्यवस्था के साथ रामनवमी मनाने का निर्णय लिया गया है। देखा गया है कि 16 अप्रैल की सुबह 11 बजे को शहर में शांति व्यवस्था कायम रखने को लेकर जूलूस के वक्त सुरक्षा को देखते हुए पुलिस की ओर से शहर में फ्लैग मार्च निकाला गया। पुलिस पदाधिकारियों के अनुसार 17 अप्रैल को मनाई जाने वाली रामनवमी की शांति प्रक्रिया के साथ-साथ सभी तैयारियां पुलिस द्वारा पूरी कर ली गई है। इसी को लेकर 16 अप्रैल को शहर में फ्लैग मार्च निकाला गया है।
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