मृत्युंजय कुमार/उजियारपुर(बिहार)। समस्तीपुर जिला (Samastipur district) के हद में मोरवा प्रखंड (Morva block) के विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों में कोहरे और कड़ाके की ठंड के बावजूद मोरवा के किसान अपने खेतों में खेती के काम में पूरी तरह संलग्न हैं। आलू की बुआई हो या गेहूं की बुआई, मकई और गेहूं की सिंचाई सभी कार्यों को किसानों के द्वारा कड़ाके की ठंड में ही पूरा करना पड़ रहा है।
कोहरे की मार और कड़ाके की ठंड में भी मोरवा प्रखंड व्यासपुर के किसान फेंकन के अनुसार वे अपने तंबाकू की फसल में भोकनी, मुरियौनी एवं कनैल तोड़ने से लेकर सारे कार्यों को करने में तल्लीन हैं। कड़ाके की ठंड एवं कोहरे में आराम करने की बात पर फेकन साफ शब्दों में बताते हैं कि यदि अभी आराम करेंगे तो साल भर बाल बच्चों के लिए पैदावार के द्वारा राशन पानी का इंतजाम कैसे हो पाएगा। फलस्वरूप घने कोहरे एवं कड़ाके की ठंड की परवाह न करते हुए भी मोरवा के किसान अहले सुबह से ही देर रात तक गेहूं, आलू, मकई एवं तंबाकू की खेती के लिए खेतों में जुटे हुए हैं।
330 total views, 1 views today