प्रहरी संवाददाता/जोनामोड़ (बोकारो)। सामाजिक संगठन दीदीजी फाउंडेशन ने 8 दिसंबर को न्यूजीलैंड के आकलैंड में आयोजित सब जूनियर कॉमनवेल्थ पावरलिफ्टिंग चैंपियनशिप में छह गोल्ड मेडल जीतने वाली कीर्ति राज सिंह को सम्मानित किया।
बिहार की राजधानी पटना जिला के हद में खुसरूपुर प्रखंड के बड़ा हसनपुर गांव की रहने वाली कीर्ति राज सिंह ने सब जूनियर पावरलिफ्टिंग कामनवेल्थ चैंपियनशिप में तीन इवेंट में हिस्सा लिया था। कीर्ति राज सिंह ने छह स्वर्ण पदक जीत कर पूरी दुनिया में बिहार का नाम रोशन किया है। कृति ने 57 किलोग्राम वेट कैटेगरी में छह स्वर्ण पदक जीते हैं।
दीदीजी फाउंडेशन की संस्थापक राजकीय-राष्ट्रीय सम्मान से अंलकृत डॉ नम्रता आनंद ने कीर्ति की इस उपलब्धि पर उन्हें बधाई और शुभकामना देते हुये मोमेंटो, अंगवस्त्र और बुके देकर सम्मानित किया।
दीदीजी फाउंडेशन ने इस अवसर पर स्टेट पावर लिफ्टिंग सेकेट्री अशोक मेहता, प्रेसिडेंट पावर लिफ्टिंग एसोसिएशन राजीव भागर्व, कीर्ति राज सिंह के कोच और अनिलमल द मोनेस्टर जिम के मालिक करण कुमार, मां सुनैना देवी तथा पिता ललन सिंह को भी सम्मानित किया।
इस अवसर पर जन स्वास्थ्य कल्याण समिति पटना के सचिव एल बी सिंह ने कीर्ति को उपहार स्वरूप एक हजार रूपये दिये और उसके उज्जवल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर डॉ नम्रता ने कहा कि बिहार में प्रतिभा की कमी नहीं है। जरूरत उसे निखारने की है। बिहार की बेटी कीर्ति ने पूरे देश में बिहार का नाम रौशन किया है।
कीर्ति इसी तरह बिहार और अपने देश का नाम रौशन करती रहे। कीर्ति को जूनियर कॉमनवेल्थ पावरलिफ्टिंग चैंपियनशिप में छह मेडल जीतने पर फाउंडेशन उसे बधाई देते हुए उसके उज्वल भविष्य की कामना करती है।
उन्होंने कहा कि खेल को जिंदगी का अहम हिस्सा बनाना चाहिए। कहा कि मानसिक विकास के लिए शिक्षा जरूरी है। उसी प्रकार शारीरिक दक्षता के लिए खेल जरूरी है। खेल के माध्यम से हम अपना कैरियर बना सकते हैं।
मौके पर गोल्ड मेडल बिजेता कीर्ति ने बताया कि वह जिस इलाके में रहती है वहां खेल के प्रति रूझान नहीं है। कीर्ति ने बताया कि वह जब कक्षा 4 में थी तभी से स्कूल में होने वाले खेल प्रतियोगिता में हिस्सा लिया करती थी। उसने बताया कि उसके बड़े भाई प्रिंस ने उसे आगे बढ़ने के लिये काफी सपोर्ट किया है।
कीर्त राज सिंह पटना में कोच करण कुमार के जिम एनिमल द मांस्टर में वर्ष 2020 से वेट लिफ्टिंग सीख रही है। कीर्ति ने बताया कि उनकी सफलता में उनके कोच
करण कुमार का भी अहम योगदान रहा है। कीर्ति इन दिनों गुवाहाटी के लक्ष्मीबाई नेशनल इंस्टीट्यूट आफ फिजिकल एजुकेशन से बीपीएड की पढ़ाई कर रही हैं। कीर्ति अपनी कामयाबी का श्रेय अपने माता-पिता और सभी शुभचितंको को देती है।
181 total views, 1 views today