दर्जनों घरों, अस्पताल के दीवार तोड़े, सब्जियों को रौंदा, केला, आम को किया क्षतिग्रस्त
प्रहरी संवाददाता/पेटरवार (बोकारो)। बोकारो जिला के हद में पेटरवार थाना क्षेत्र के अंगवाली गांव के नहरपार मुहल्ले में बीते 19 फरवरी की रात जंगली हाथियों के झुंड ने जमकर उत्पात मचाया। एक दर्जन परिवार सहित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की बाउंड्री वाल को कई जगह क्षतिग्रस्त किए जाने की खबर है।
जानकारी के अनुसार बीते कई दिनों से झुंझको, खेतको, मायापुर के इलाके में उत्पात मचाने के बाद अचानक बीते रात अंगवाली गांव में हाथियों के आ धमकने से यहां के ग्रामीण काफी भयभीत हैं। आज प्रातः सूचना पाकर स्थिति का जायजा लिया गया। मुहल्ले में हाथियों ने शोखा बाबा के घर के पिछवाड़े करीब दो दर्जन केले के पेड़ को धराशायी कर रौंद डाला।
बगल में स्व मदन रजवार के दरवाजे को तोड़ डाला। बाइक को क्षतिग्रस्त कर दिया। जंगली हंथियों ने माधो रजवार के आंगन का दरवाजा एवं एक साइकिल क्षतिग्रस्त कर घर की चाहर दिवारी तोड़ दिया। कुपदीप रजवार के बारी में दीवार चार जगह तोड़ते हुए आलू, प्याज, चना आदि फसल को रौंद दिया।
स्थानीय शिक्षक राजेंद्र कपरदार की बाउंड्री को कई जगह तोड़ दिया। आलू, गोभी, प्याज, मटरछीमी आदि फसल बर्बाद कर दिया। सोबर रजवार के बारी में क्षति पहुंचाई।
इस अवसर पर स्थानीय रहिवासी भुखल रजवार एवं उनकी पत्नी काजल देवी ने बताया कि घर के पिछवाड़े चना, रहर (दलहन), टमाटर सहित केले एवं कटहल पेड़ को क्षतिग्रस्त किया। सबसे अधिक क्षति बंद पड़ी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की मुख्य आयरन गेट को तोड़कर प्रवेश किया और बाउंड्रीबाल को आधा दर्जन स्थलों पर तोड़ दिया, जबकि ग्रिल को उखाड़ दिया। यहां आम के दर्जनों पेड़ एवं वाटर पाइप को भी क्षति पहुंचाया है।

दूसरे दिन 20 फरवरी की सुबह स्थलों का जायजा लेने के दौरान मुखिया धर्मेंद्र कपरदार, वार्ड सदस्य भोला राज सहित भुक्तभोगी तथा ग्रामीण अजीत रविदास, बुधन रजवार, नकुल महतो, सुभाष यादव, जुगल रजवार सहित कई थे।
बताया जाता है कि, हाथियों के उत्पात की सूचना वन विभाग को प्रातः ही मिल चुका था, पर वनरक्षी भगवान दास हेंब्रम अपने टीम के सदस्यों को लेकर अंगवाली शाम को पहुंचकर केवल जायजा लेकर चले गये। इधर प्रातः से ही पांडेबांध के निकट घने झाड़ियों में छिपे हाथियों के अचानक चिघाड़ने की आवाज से घर लौट रहे कई ग्रामीणों से सुना।
इसके बाद अंगवाली नहर चौक सहित पूरे गांव में सनसनी फ़ैल गई।इसके बाद हाथी भगाओ दल का नेतृत्व कर रहे वनरक्षी बी डी हेंब्रम, देवनाथ महतो आदि ने मशाल, वेपरलाइट व पटाखे फोड़ते हुए हाथियों को अन्यत्र भगाने में जुटे रहे।
![]()












Leave a Reply