Advertisement

बज्जिका मन-गंध का लोकार्पण व् शंभु अगेही शिखर सम्मान से सविता राज सम्मानित

एस. पी. सक्सेना/मुजफ्फरपुर (बिहार)। दरभंगा जिला में बीते 24 अगस्त को हिन्दी समाहार मंच दरभंगा के सौजन्य से मुजफ्फरपुर के युवा साहित्यकार एवं कवियित्री सविता राज द्वारा संपादित पुस्तक बज्जिका मन-गंध का लोकार्पण समारोह आयोजित किया गया। समारोह में बज्जिका भाषा, साहित्य, संस्कृति एवं लोकजीवन से जुड़े साहित्यकारों तथा साहित्यप्रेमियों की उपस्थिति रही। जिसमें सविता राज को शंभु अगेही शिखर सम्मान से सम्मानित किया गया।

जानकारी के अनुसार कार्यक्रम में शारदा चरण, चितरंजन सिन्हा ‘कनक’, विनोद कुमार सिन्हा, ज्वाला सांध्यपुष्प, मणिभूषण प्रसाद सिंह, अवशेष त्रिषित एवं प्रेम कुमार वर्मा सहित कई साहित्यकार उपस्थित रहे। इस अवसर पर कार्यक्रम के आयोजक अमिताभ कुमार सिन्हा ने कहा कि ऐसे आयोजन क्षेत्रीय भाषा और साहित्य को समृद्ध करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। मौके पर साहित्य के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए कवियित्री सविता राज को अंगवस्त्र, मोमेंटो एवं सम्मान-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। उपस्थित साहित्यकारों ने उनके साहित्यिक योगदान की सराहना करते हुए उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएँ दी।

ज्ञात हो कि, कवियित्री सविता राज द्वारा लिखित पुस्तक बज्जिका मन-गंध में बज्जिका भाषा, लोकजीवन, संस्कृति, परंपरा और माटी की सुगंध को साहित्यिक अभिव्यक्ति देने का प्रयास किया गया है। पुस्तक के माध्यम से बज्जिका की समृद्ध लोकभाषाई एवं सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने तथा नई पीढ़ी तक पहुँचाने की पहल की गई है।

इस अवसर पर सविता राज ने कहा कि बज्जिका केवल एक भाषा नहीं, बल्कि क्षेत्र की लोक संस्कृति, परंपरा और जीवन-मूल्यों की पहचान है। उन्होंने कहा कि इस पुस्तक के माध्यम से बज्जिका के साहित्यिक स्वरूप को व्यापक पाठक वर्ग तक पहुँचाने का प्रयास किया गया है।

समारोह में उपस्थित दर्जनों साहित्यकारों ने बज्जिका मन-गंध को बज्जिका भाषा एवं साहित्य के लिए एक महत्वपूर्ण साहित्यिक प्रयास बताया। कार्यक्रम में हिंदी एवं बज्जिका के साहित्यकार एन.के. साहू, सतीश चंद्र भगत, ब्रजेश राणा, संदीप कुमार मिश्रा, ज्योति सिन्हा, रुपम सिन्हा, सुषमा सहित अनेक साहित्यप्रेमी उपस्थित रहे।

Loading

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *