अवध किशोर शर्मा/सारण (बिहार)। सारण जिला के हद में रेल मंडल सभागार सोनपुर मंडल में 10 जुलाई को समन्वय बैठक का आयोजन किया गया।रेलवे के वाणिज्यिक संचालन को सुचारू और समन्वित बनाने के लिए रेलवे, एफसीआई एवं एनटीपीसी के मध्य उच्चस्तरीय त्रिपक्षीय समन्वय बैठक का सफल आयोजन किया गया।
बैठक का मुख्य उद्देश्य भारतीय रेलवे, भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) तथा नेशनल थर्मल पावर कॉर्पोरेशन (एनटीपीसी) के मध्य कार्य- समन्वय को सुदृढ़ करना, लंबित मुद्दों के समाधान को गति देना एवं पारस्परिक सहयोग के नए आयाम स्थापित करना रहा। बैठक की अध्यक्षता सोनपुर रेल मंडल के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक (सीनियर डीसीएम) रौशन कुमार ने की।
प्रमुख प्रतिनिधियों में एफसीआई के महाप्रबंधक अमीत भूषण, उपमहाप्रबंधक सुशील कुमार, सहायक महाप्रबंधक आर. रमेश, एनटीपीसी साइडिंग से अतिरिक्त महाप्रबंधक वैभव साहू तथा सीनियर मैनेजर रूपेश शिवराम उपस्थित रहे।
बैठक में रेलवे विभाग से सोनपुर के मंडल वाणिज्य प्रबंधक अमृतेश कुमार, सीनियर डिविजनल इंजीनियर-थ्री एवं सहायक मंडल वित्त प्रबंधक अमरेन्द्र कुमार ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई।
बताया जाता है कि बैठक में एफसीआई और एनटीपीसी द्वारा विभिन्न मदों में लंबित भुगतान को लेकर गहन विचार-विमर्श किया। शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने के लिए एक विस्तृत कार्य योजना प्रस्तावित की गई है। इस संबंध में स्टाफ लागत, भूमि लाइसेंस शुल्क एवं अन्य वित्तीय बिंदुओं पर भी आवश्यक समन्वय पर जोर दिया गया। बैठक में रैक के संचालन, लदान-उतरान की प्रक्रिया एवं समन्वय के विभिन्न पहलुओं पर समीक्षा की गई।
निर्णय लिया गया कि कार्य-प्रवाह में बाधा उत्पन्न करने वाले कारकों की पहचान कर उनके निराकरण के लिए संयुक्त कार्य योजना तैयार की जाएगी। बैठक में यह स्पष्ट रूप से रेखांकित किया गया कि विभागों के बीच नियमित संवाद, पारदर्शिता तथा विश्वसनीय सूचना-साझाकरण न केवल संचालन को सरल बनाते हैं, बल्कि व्यावसायिक संबंधों को भी मजबूती प्रदान करते हैं। बैठक में विगत वर्ष के राजस्व आंकड़ों की प्रस्तुति की गयी, जिसमें संबंधित संस्थाओं द्वारा रेलवे को प्राप्त योगदान पर प्रकाश डाला गया।
एफ सी आई द्वारा 80 से 90 रैक की सफलतापूर्वक की गई हैंडलिंग
बताया जाता है कि एफसीआई द्वारा 80 से 90 रैक की सफल हैंडलिंग की गई जिससे ₹47.94 करोड़ का रेल राजस्व प्राप्त हुआ। इसके अतिरिक्त एफसीआई अपने दो जीसीटीएस के माध्यम से नियमित रूप से खाद्यान्न की ढुलाई करता है, जिससे रेलवे को निरंतर राजस्व प्राप्त होता है। एनटीपीसी द्वारा वर्ष भर में 680 रैक का परिचालन किया गया, जिससे ₹253.07 करोड़ की आय रेलवे को प्राप्त हुई। इसके अलावा एनटीपीसी के को-यूजर द्वारा 50 से 60 रैक फ्लाई ऐश की ढुलाई की गई, जिससे रेलवे को अतिरिक्त ₹18.01 करोड़ का राजस्व प्राप्त हुआ।
उपस्थित सभी अधिकारियों ने बैठक के उद्देश्य को सराहा एवं रेलवे के विकासोन्मुख दृष्टिकोण की प्रशंसा की। उन्होंने भावी परियोजनाओं में सक्रिय सहयोग देने का आश्वासन भी दिया। बैठक में यह सामूहिक संकल्प लिया गया कि त्रिपक्षीय समन्वय को और सशक्त बनाया जाएगा, जिससे लंबित मुद्दों के निवारण में तेजी आएगी और व्यावसायिक कार्यों की प्रभावशीलता बढ़ेगी। यह बैठक रेलवे, एफसीआई और एनटीपीसी के मध्य समन्वय एवं सहभागिता को एक नए स्तर तक पहुंचाने की दिशा में अहम पहल साबित हुई।
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