डांबर से पटे पीसीसी रोड पर हादसों का ग्राफ बढ़ा
मुंबई। टैंकर चालकों की लापरवाहियों के कारण आरसी मार्ग पर स्थित शंकर देवल से एचपीसीएल- गेट तक पीसीसी रोड पर डांबर पसरा पड़ा है। जिसके कारण हादसों का ग्राफ बढ़ता जा रहा है। इस संबंध में स्थानीय समाजसेवक जेपी अग्रवाल व अन्य लोगों ने सबंधित विभागों के अलावा ट्रैफिक पुलिस, मनपा और स्थानीय पुलिस से लिखित शिकायत की है। इसके बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई।
गौरतलब है कि डांबर से पटे आरसी मार्ग का पीसीसी रोड गडकरी खान के प्रयागनगर, विष्णूनगर, गव्हानपाडा, म्हाडा कालोनी और कंपनियों में आने जाने वालों के लिए बेहद खतरनाक साबित हो रहा है। टैंकर चालकों कि लापरवाहियों का खामियाजा यहां की जनता को जान गंवा कर चुकानी पड़ती है। ताजा घटना सोमवार की है। गडकरी निवासी एक परिवार मोटर बाईक से कहीं जा रहे थे।
इस बीच वाशीनाका के शंकर देवल और एचपीसीएल के बीच डांबर की चपेट में आने से उनकी मोटर बाईक फिसल गई, इस घटना में एक ही परिवार के तीन सदस्य घायल हो गए। घायलों को स्थानीय लोगों कि सहायता से हॉस्पिटल पहुंचाया गया। बताया जाता है कि वाशीनाका के शंकर देवल से लेकर न्यू एचपीसीएल गेट तक सैकड़ों बड़ी वाहनों को बेतरतीब अवैध पार्किंग की जाती है। जिसके कारण इस मार्ग पर हादसों का ग्राफ बढ़ता जा रहा है।
बता दें कि एचपीसीएल और बीपीसीएल के उत्पादनों को यहां से देश के अलग-अलग राज्यों में ट्रांस्पोर्ट के जरीये ही भेजा जाता है। ऐसे में बाहर से आने वाले माल वाहक लोडिंग होने से पहले कहीं भी पड़ाव डाल देते हैं जो कि बेहद खतरनाक साबित हो रहा है। इनमें सबसे खतरनाक डांबर के टैंकर हैं। आरसी मार्ग पर डांबर गिरने व अवैध रूप से डबल पार्किंग होने कि शिकायत करने वाले स्थानीय समाजसेवक जे पी अग्रवाल ने बताया कि पिछले दिनों रक्षा बंधन के दिन एक हादसे में सगे भाई बहन की मौत घटना स्थल पर ही हो गई।
इसके अलावा उन्होंने बताया कि करीब दो दशक से रोड की समस्याओं से जूझ रही वाशीनाका की जनता के सामने एक और समस्या आ गई है। यहां न्यू एचपीसीएल कंपनी के गेट के सामने से लेकर शंकर देवल तक की पीसीसी रोड को डांबर कि वाहनों ने बर्बाद कर दिया है। उन्होंने यह भी बताया की फ्री- वे पर भारी वाहनों की आवाजाही पर भी पाबंदी है। इसके बावजूद फ्री- वे पर भारी वाहनों की आवाजाही सहज ही देखा जा सकता है। सूत्रों की माने तो ट्रैफिक पुलिस की मिली भगत से फ्री- वे पर भारी वाहनों का चलना बदस्तुर जारी है।
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