रंजन वर्मा/कसमार (बोकारो)। पश्चिम बंगाल में देश के राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू के साथ कथित अपमानजनक व्यवहार को लेकर भाजपा में नाराज़गी देखी जा रही है। झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए इसे ममता बनर्जी की बौखलाहट का परिणाम बताया।
बोकारो में मीडिया से बातचीत के दौरान 8 मार्च को झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा कि पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी समझ चुकी हैं कि उनकी पारी अब समाप्त होने वाली है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति का कार्यक्रम किसी राजनीतिक दल का कार्यक्रम नहीं होता, बल्कि वह देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद का कार्यक्रम होता है।
मरांडी ने कहा कि जब भी राष्ट्रपति किसी राज्य के कार्यक्रम में जाते हैं तो वहां के मुख्यमंत्री या सरकार के प्रतिनिधि का उपस्थित रहना सामान्य परंपरा होती है। लेकिन इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री का शामिल नहीं होना, यहां तक कि मंत्री या जिला प्रशासन के प्रतिनिधि को भी नहीं भेजना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि इस तरह का व्यवहार संवैधानिक पद की गरिमा के खिलाफ है। उन्होंने मांग की कि ममता बनर्जी को सार्वजनिक रूप से राष्ट्रपति और देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए। इस अवसर पर बोकारो जिला भाजपा जिलाध्यक्ष जयदेव राय, महामंत्री संजय त्यागी समेत कई गणमान्य मौजूद थे।
![]()













Leave a Reply